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Satish Kumar Pandey
Satish Kumar PandeyCourseLiteraturePoetry
11 Mar 2021·1 min read·

कौन?

आखिर बहरों को सुनायेगा कौन? जब आग लगी हो सीने में तो बुझायेगा कौन? गूंगों की भरी सभा में आवाज लगायेगा कौन? विलासिता की जिन्दगी में सराबोर को सही राह दिखायेगा कौन ? व्यथित हृदयों को साहस बंधायेगा कौन? कायरो की सभा में द्रौपदी की अस्मद बचाएगा कौन? हूकमरानों का दंभ मिटायेगा कौन? नशा और विलासिता में डूबते का नाव पार लगायेगा कौन ? भटके राही को राह दिखायेगा कौन? अब तो आओ चेतना में ,कब तक रहोगे मौन? कर्त्तव्यविमूढों को कर्त्तव्य पथ पर लाएगा कौन? भूख से तडपते को रोटी खिलाएगा कौन? बेरोजगारों को रोजगार दिलाएगा कौन? राष्ट्रीय गद्दारों से राष्ट्र को बचाएगा कौन? प्रकाश दिखाओ अब उत्कर्ष का अब न रहो गौण?

© सतीश कुमार पांडेय